ग्वालियर । जनता कर्फ्यू के बाद सोमवार को लॉकडाउन के पहले दिन पब्लिक ट्रांसपोर्ट पर असर पूरी तरह नहीं रहा। शहरभर के अलग-अलग स्थानों पर ऑटो, टेंपो जैसे सवारी वाहन दौड़ लगाते दिखे। सुबह लॉकडाउन का पालन कराने के लिए सड़कों पर उतरे पुलिस और प्रशासन की टीमों ने इन्हें रोका और हवा निकालने की कार्रवाई भी की। कई जगह पुलिस ने सवारी वाहनों से सवारियों को उतारा और वाहन को साइड में खड़ा करा दिया। कलेक्टर के अति आवश्यक सेवाओं को छोड़कर सबकुछ बंद करने के एक रोज पहले ही आदेश जारी किए थे लेकिन इसके बाद भी सवारी वाहन चालकों ने मनमानी की। परिवहन विभाग ने सोमवार को 31 मार्च तक प्रदेशभर में पब्लिक ट्रांसपोर्ट जिसमें कैब, टैक्सी, ऑटो, टेंपो, बस, ई-रिक्शे सहित सभी को बैन कर दिया है। आरटीओ के अनुसार अब मंगलवार को आदेश न मानने वाले वाहन चालकों पर एफआईआर और परमिट-लाइसेंस निरस्ती की कार्रवाई की जाएगी।
यह है परिवहन विभाग का आदेश
परिवहन मंत्रालय ने कोरोना के संक्रमण के फैलाव को रोकने के लिए मोटरयान अधिनियम 1988 की धारा 115 द्वारा प्रदत्त शक्तियों का प्रयोग करते हुए राज्य सरकार लोकहित में मप्र अन्य राज्यों के समस्त सार्वजनिक यात्री वाहन, रोडवेज, लोक परिवहन सेवा, संविदा वाहन, टैक्सी कैब, मैक्सी कैब, ऑटो रिक्शा आदि राज्य से बाहर जाने, अंदर आने व राज्य में संचालन पर 31 मार्च तक रोक लगाई जाती है। यह आदेश माल वाहनों, निजी उपयोग के वाहनों व आवश्यक आपातकालीन सेवाओं के लिए उपयोग में लाए जाने वाले व शासकीय ड्यूटी में लगे वाहनों पर लागू नहीं होगा। आपातकालीन स्थिति में जिला प्रशासन अति आवश्यक स्थिति में अनुमति जारी कर सकेगा।
एफआईआर, परमिट-लाइसेंस निरस्त आज से
कलेक्टर के आदेश के बाद भी ऑटो-टेंपो वालों ने सबक नहीं लिया और मनमानी कर सड़कों पर सवारी लेने निकल पड़े। ऐसे ऑटो-टेंपो चालकों को मंगलवार से सड़क पर पाया गया तो पुलिस और परिवहन विभाग की ओर से कलेक्टर के आदेश के उल्लंघन पर धारा-188 के तहत केस दर्ज कराया जाएगा। परमिट और लाइसेंस निरस्त करने की कार्रवाई आरटीओ के माध्यम से की जाएगी। परिवहन विभाग इसको लेकर पहले ही ऑटो-टेंपो यूनियनों की बैठक लेकर साफ कह भी चुका है।
सख्त कार्रवाई होगी अब
किसी भी तरह का पब्लिक ट्रांसपोर्ट यानि सवारी वाहन नहीं चलेगा। कोरोना अलर्ट को लेकर प्रतिबंध है। मंगलवार से चलने वाले ऑटो-टेंपो चालक पर केस दर्ज करने के साथ परमिट और लाइसेंस निरस्त करने की कार्रवाई की जाएगी।
एमपी सिंह, आरटीओ, ग्वालियर